हरियाणा रेडक्रास सोसायटी ने सुरक्षा और सेवा को बढ़ावा देने के लिए फर्स्ट एड ट्रेनिंग सर्टिफिकेट के लिए सप्ताह भर कक्षाओं में उपस्थिति अनिवार्य कर दी है। , सोसायटी ने फर्स्ट एड ट्रेनिंग की फीस में भी तीन गुणा बढ़ोतरी की है। इसके साथ ही फर्स्ट एड ट्रेनिंग लेक्चरर के मानदेय में इजाफा किया गया है।
हरियाणा रेडक्रास सोसायटी के वाइस चेयरमैन अंकुश मिगलानी की अध्यक्षता में आयोजित राज्य स्तरीय बैठक में फर्स्ट एड ट्रेनिंग फीस में संशोधन, लेक्चरर के मानदेय में बढ़ोतरी और औद्योगिक एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में जागरूकता अभियान को सशक्त बनाने के फैसले लिए गए। राज्य महासचिव डॉ. सुनील कुमार की मौजूदगी में फर्स्ट एड ट्रेनिंग गतिविधियों को बढ़ाने की भी कार्ययोजना तैयार की गई। वाइस चेयरमैन अंकुश मिगलानी ने जिला सचिव, सहायक सचिव और जिला प्रशिक्षण अधिकारियों की जिलावार प्रगति रिपोर्ट की समीक्षा की।
बैठक के दौरान फैसला लिया गया कि फर्स्ट एड ट्रेनिंग फीस (शुल्क) में संशोधन करते हुए औद्योगिक प्रतिष्ठानों के लिए प्रति प्रशिक्षार्थी 500 रुपये (जीएसटी अतिरिक्त) से बढ़ाकर 1500 रुपये प्रति प्रशिक्षार्थी किया जाए। यह संशोधन भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी के निर्धारित नियमों के अनुसार किया गया है। बैठक में बताया गया था कि पूर्व शुल्क संरचना प्रशिक्षण कार्यक्रमों के संचालन एवं प्रशासनिक व्यय को पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं थी, जिसके कारण सोसायटी पर वित्तीय दबाव बढ़ रहा था।
फर्स्ट एड ट्रेनिंग लेक्चरर का बढ़ा मानदेय
उपाध्यक्ष अंकुश मिगलानी द्वारा फर्स्ट एड ट्रेनिंग कार्यक्रमों से जुड़े लेक्चररों के मानदेय में बढ़ोतरी का फैसला लिया गया। नई व्यवस्था के तहत 20 प्रतिभागियों तक के बैच पर लेक्चरर को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि 2000 रुपये से बढ़ाकर 3000 रुपये कर दी गई है। वहीं 20 से अधिक प्रतिभागियों वाले बैच के लिए यह राशि 3500 रुपये से बढ़ाकर 4500 रुपये प्रति बैच कर दी गई है। फर्स्ट एड ट्रेनिंग के मानक बैच की संख्या 30 प्रतिभागियों की रहेगी।
बैठक के दौरान वाइस चेयरमैन अंकुश मिगलानी ने जिला प्रशिक्षण अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने जिलों में उद्योगों, होटलों तथा अन्य संस्थानों का नियमित दौरा करें और प्रत्येक सप्ताह निरीक्षण अभियान चलाएं। साथ ही फर्स्ट एड ट्रेनिंग एवं जागरूकता कार्यक्रमों को निर्धारित मानकों के अनुसार लागू करवाना सुनिश्चित करें। अधिकारियों को कार्यस्थलों पर फर्स्ट एड सुविधाओं तथा सुरक्षा प्रावधानों की अनुपालना की निगरानी करने के भी निर्देश दिए गए। उपाध्यक्ष ने कहा कि रेडक्रास का उद्देश्य केवल प्रशिक्षण कार्यक्रमों को सुदृढ़ करना नहीं, बल्कि कार्यस्थलों पर सुरक्षा संस्कृति को बढ़ावा देना और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की क्षमता विकसित करना भी है। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षकों को बेहतर प्रोत्साहन मिलने से प्रशिक्षण की गुणवत्ता और पहुंच दोनों में सुधार होगा।